देहरादून में दहेज उत्पीड़न का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां शादी के महज तीन महीने बाद दो महीने की गर्भवती महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। मायके पक्ष ने ससुराल वालों पर दहेज के लिए हत्या करने का आरोप लगाया है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर पति समेत पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है और गुरुवार को आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया।
घटना देहरादून के रिस्पना नगर क्षेत्र की है। मृतका के भाई सलमान आसिफ, निवासी रुद्रप्रयाग, ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उनकी बहन कहकशा आलम का निकाह 19 नवंबर 2025 को देहरादून निवासी शहबाज आलम के साथ हुआ था।
परिजनों के अनुसार, विवाह के समय ससुराल पक्ष की मांग के अनुसार दहेज दिया गया था। आरोप है कि शादी के कुछ समय बाद ही ससुराल वालों का व्यवहार बदल गया और अतिरिक्त दहेज की मांग को लेकर कहकशा को मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाने लगा।
50 लाख रुपये की कर रहे थे मांग
मायके पक्ष का आरोप है कि ससुराल वाले सहस्रधारा रोड पर प्लॉट खरीदने के लिए 50 लाख रुपये की मांग कर रहे थे। 18 फरवरी 2026 की रात कहकशा ने अपने भाई को फोन कर बताया था कि पैसे की मांग को लेकर उसे परेशान किया जा रहा है।
इसके बाद 3 मार्च 2026 को सुबह करीब 11 बजे भी उसने अपने परिवार को फोन कर बताया कि पति, सास-ससुर, देवर और ननद पैसे की मांग को लेकर नाराज हैं। उसी रात करीब 1:30 बजे उसके पिता को ससुर यासीन का फोन आया कि कहकशा की तबीयत खराब हो गई है।
अस्पताल पहुंचने से पहले ही हो चुकी थी मौत
परिजन तुरंत देहरादून पहुंचे और दून अस्पताल पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने बताया कि कहकशा को मृत अवस्था में अस्पताल लाया गया था। इस बात ने पूरे मामले को और संदिग्ध बना दिया। मायके पक्ष ने इसे दहेज के लिए की गई हत्या बताया है।
शरीर पर मिले चोट के निशान
मृतका के भाई सलमान आसिफ का आरोप है कि पोस्टमॉर्टम की प्राथमिक जानकारी में सामने आया है कि कहकशा गर्भवती थी और उसके शरीर पर चोट के कई निशान थे। उसका एक हाथ भी टूटा हुआ था और यूट्रस में भी चोट के निशान मिले हैं। परिजनों का शक है कि उसके मुंह पर तकिया रखकर उसकी हत्या की गई है।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि ससुराल वाले उसे नशे की दवाइयां देकर धीरे-धीरे कमजोर कर रहे थे। मृतका ने हाल ही में 12वीं की परीक्षा पास की थी और वह सब-इंस्पेक्टर बनने की तैयारी करना चाहती थी।
शादी में दिया था नकद और सोना
मायके पक्ष के अनुसार, शादी के समय ससुराल पक्ष की मांग पर 10 तोला सोना और गाड़ी खरीदने के लिए 14 लाख 50 हजार रुपये नकद दिए गए थे। इसके अलावा शादी की तारीख तय करने और तैयारियों के लिए भी एक लाख रुपये दिए गए थे।
पुलिस ने पति को किया गिरफ्तार
मामले में नेहरू कॉलोनी थाना, देहरादून में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने मृतका के भाई की शिकायत के आधार पर पति शहबाज आलम, सास खुशनुदा, ससुर यासीन, देवर सरताज और ननद शबनम के खिलाफ केस दर्ज किया है।
पुलिस ने गुरुवार को आरोपी पति शहबाज आलम को गिरफ्तार कर लिया है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट व अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।











