
हल्द्वानी में सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर ज्योति अधिकारी की मुश्किलें बढ़ गई हैं। रिमांड मजिस्ट्रेट ने ज्योति अधिकारी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। गुरुवार देर शाम मुखानी थाना पुलिस ने लंबी पूछताछ के बाद ज्योति अधिकारी को गिरफ्तार किया था।
ज्योति अधिकारी पर कुमाऊं की सामाजिक व सांस्कृतिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने, आपत्तिजनक बयान देने और खुलेआम दराती (हथियार) लहराने जैसे गंभीर आरोप हैं। आरोप है कि उन्होंने बड़बोलापन करते हुए कुमाऊं की महिलाओं के लिए आपत्तिजनक शब्दों का प्रयोग किया और लोक देवताओं को फर्जी बताते हुए उनके अस्तित्व पर भी सवाल खड़े किए।
यह कार्रवाई सामाजिक कार्यकर्ता जूही चुफाल की शिकायत के बाद की गई, जिसके आधार पर मुखानी थाने में ज्योति अधिकारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज हुई थी। पुलिस ने मामले में भारतीय न्याय संहिता की धारा 192, 196, 299, 302 सहित आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया है।
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने ज्योति अधिकारी को कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। सूत्रों के मुताबिक शुक्रवार को ज्योति अधिकारी की ओर से जमानत के लिए पैरवी की जा सकती है।
इस पूरे घटनाक्रम ने क्षेत्र में सियासी और सामाजिक माहौल को भी गरमा दिया है। एक ओर देहरादून में उर्मिला सनावर से पुलिस पूछताछ कर रही है, वहीं हल्द्वानी में ज्योति अधिकारी की गिरफ्तारी को लेकर चर्चाओं का दौर जारी है। सर्द मौसम के बीच एक बार फिर उत्तराखंड का राजनीतिक और सामाजिक पारा चढ़ता नजर आ रहा है।











