
उत्तराखण्ड उच्च न्यायालय ने नैनीताल के डीएसए फ्लैट्स मैदान में ईद-उल-अजहा (बकरीद) की नमाज अदा करने को लेकर दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए नमाज की अनुमति दे दी है। न्यायमूर्ति पंकज पुरोहित की एकलपीठ ने प्रशासन, पुलिस और संबंधित कमिटी को कानून व्यवस्था तथा ट्रैफिक व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश भी दिए हैं।
मामला अंजुमन इस्लामिया कमिटी की ओर से दायर याचिका से जुड़ा था। कमिटी की ओर से कहा गया कि पिछले करीब 100 वर्षों से नैनीताल के फ्लैट्स मैदान में ईद की नमाज अदा की जाती रही है और कभी भी कानून व्यवस्था जैसी स्थिति उत्पन्न नहीं हुई।
याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता सुहेल सिद्दीकी ने न्यायालय को बताया कि पहले डीएसए की ओर से नमाज की अनुमति दी गई थी, लेकिन बाद में उसे निरस्त कर दिया गया। इसके अलावा एसडीएम द्वारा भी अनुमति आवेदन खारिज कर दिया गया था।
सुनवाई के दौरान यह भी तर्क दिया गया कि फ्लैट्स मैदान नैनीताल का प्रमुख और भीड़भाड़ वाला क्षेत्र है, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं। ऐसे में अनुमति निरस्त होने से धार्मिक विवाद की स्थिति पैदा हो सकती थी।
सभी पक्षों की दलील सुनने के बाद हाईकोर्ट ने अंजुमन इस्लामिया कमिटी को डीएसए फ्लैट्स/जिमखाना मैदान में सुबह 9 बजे से 10 बजे तक ईद की नमाज अदा करने की अनुमति प्रदान कर दी। साथ ही प्रशासन और पुलिस को निर्देश दिए गए कि ट्रैफिक व्यवस्था और कानून व्यवस्था पूरी तरह सुचारू रखी जाए।










